जहाँ देश अभी कोरोना जैसी घातक महामारी से गुजर रहा है वही केंद्र और राज्यों सरकारों को कुछ असामाजिक तत्वों की चुनौतियों से भी निपटना पड़ रहा है | वाकया पंजाब के जालंधर का है जहाँ कर्फ्यू के दौरान शनिवार सुबह 8 बजे मिल्कबार चौक नाके पर तैनात पुलिसकर्मियों ने एक कार सवार को रोकने का इशारा किया लेकिन कार सवार ने कार रोकने के बजाय वहाँ तैनात एस आई को टक्कर मार दी और उन्हें कार के बोनट पर घसीटते हुए ले गया | हालाँकि गनीमत रही की उन्हें ज्यादा चोट नहीं आयी, पुलिस ने कार सवार का पीछा कर उसे पकड़ लिया और वो फ़िलहाल पुलिस कस्टडी में है | पंजाब में पिछले 20 दिन में पुलिस कर्मियों पर हमले की ये दूसरी वारदात है
आरोपी की पहचान अमोल मेहमी के रूप में हुई है | पुलिस पूछताछ में उसने बताया की की वो घर से बेकरी का सामान लेने निकला था | उसके पास कर्फ्यू पास नहीं था, जब नाके पर पुलिस ने इशारा किया तो उसने गिरफ्तारी के डर से एस आई को टक्कर मारते हुए भागने की कोशिश की जिसमे वो कामयाब नहीं हो सका |
निहंगियो ने काट दिया था पुलिसकर्मी का हाथ
12 अप्रैल को ही पटियाला में कर्फ्यू के दौरान पास चेक करने से भड़के कुछ निहंगियो ने पुलिस पर हमला कर दिया था और तलवार से हमला करके हरजीत सिंह की कलाई को हाथ से काट कर अलग कर दिया था | इस घटना का देशभर में काफी विरोध हुआ था हालंकि बाद में डॉक्टर्स ने ऑपरेशन करके उनकी कटी हुई कलाई को सफलता पूर्वक जोड़ दिया था |
कोरोना वारियर्स पर हमले निंदनीय घटना
कोरोना वारियर्स (डॉक्टर्स, पुलिसकर्मी और सपोर्ट स्टाफ) अपनी जान जोखिम में डाल कर दिन रात अपना फ़र्ज़ निभा रहे है उसके बावजूद आये दिन कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा इन पर लगातार हमले किये जा रहे है जो की एक निंदनीय घटना है अब समय आ गया सरकार को ऐसे लोगो के खिलाफ सख्ती बरतनी होगी
0 Comments
If you have any doubts or queries, feel free to contact us